Breaking News

नयी दिल्ली। भारत ने तुर्की के इस्ताम्बुल में युवा महिला मुक्केबाजों की अहमद कामरेट मुक्केबाजी चैंपियनशिप में एक स्वर्ण, चार रजत और चार कांस्य पदक जीते। सोनिया (48 किग्रा) ने फाइनल में कजाखस्तान की जाजिरा उराकाबेवा को हराकर भारत की तरफ से एकमात्र स्वर्ण पदक जीता। फाइनल में पहुंचने वाली भारत की चार अन्य मुक्केबाज अपने अपने मुकाबले हार गयी और उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा। भारत की तरफ से निहारिका गोनेला (75 किग्रा), शशि चोपड़ा (57 किग्रा), परवीन (54 किग्रा) ओर अंकुशिता बोरो (64 किग्रा) ने रजत पदक जीते। इससे पहले तिलोतमा चानू (60 किग्रा), ज्योति गुलिया (48 किग्रा), ललिता (64 किग्रा) और मनीषा (69 किग्रा) सेमीफाइनल में हार गयी और उन्हें कांस्य पदक मिले।

भारतीय टीम के कप्तान विराट कोहली ने खुद को सामाजिक सरोकार से जुड़ा युवा आइकन की पहचान बनाने के लिये शीतल पेय पदार्थ पेप्सी और गोरा बनाने वाली एक उत्पाद के प्रचार करने से मना कर दिया। विराट के मुताबिक ये उत्पाद जंक फूड और नस्लवाद को बढ़ावा देते हैं। मौजूदा टीम के सबसे बड़े सितारों में से एक इस 28 वर्षीय खिलाड़ी ने फैसला किया है कि वह सिर्फ उन्हीं उत्पादों का प्रचार करेंगे जिससे वह खुद को जोड़ सकें, जिसका इस्तेमाल वह खुद कर सकें।
विराट ने ठुकराये पेप्सी और फेयरनेस उत्पादों के विज्ञापन
विराट के साथ काम कर चुके एक शख्स ने आज कहा कि विराट के इस फैसले का सब बड़ा असर पेप्सी पर पड़ेगा, जिसका प्रचार वह 2011 से कर रहे थे। पेप्सी के साथ विराट का करार इस साल अप्रैल में खत्म हुआ जिसके बाद विराट ने कहा था कि वह लोगों से ऐसे उत्पाद का सेवन करने के लिये नहीं कह सकते जो वह खुद नहीं लेते हैं।
 
कोहली के विज्ञापनों की प्रबंध करने वाली कॉर्नरस्टोन ने इस मुद्दे पर कुछ कहने से मना कर दिया लेकिन भारतीय कप्तान के साथ करीब से काम करने वाले ने बताया कि कोहली अपने सामाजिक सरोकार को लेकर ज्यादा सहज हो गये हैं।

No comments