जूनियर डाक्टरों ने तीमारदार को पीटा शिकायत पर पहुंची पुलिस
इलाहाबाद । स्वरूपरानी नेहरू चिकित्सालय के मेडिसिन वार्ड में अपनी मौसी को भर्ती कराने आई महिला को जूनियर डाक्टरों ने मारपीट कर भगा दिया। पीड़ित महिला ने सौ नम्बर डायल पर मामले की शिकायत किया। हालांकि पुलिस पीड़िता की कोई खास सहयोग नहीं कर सकी।
शहर के जार्जटाउन निवासी अन्जू सोनकर अपनी वृद्ध मौसी राधा सोनकर पत्नी मक्खन लाल निवासी जसरा घूरपुर का उपचार कराने के लिए बुधवार दोपहर स्वरूपरानी नेहरू चिकित्सालय पहुंची। जहां उसे आकस्मिक कक्ष के चिकित्सकों ने हालत गम्भीर होने की वजह से मेडिसिन के लिए भेज दिया। पीड़ित अन्जू ने आरोप लगाया कि अपनी मरीज लेकर मेडिसन वार्ड में गई। जहां वह काफी देर तक इधर-उधर भटकती रही। लेकिन को भी चिकित्सक उसकी पीड़ा नहीं सुना। इस पर उसने कहा कि डाक्टर भगवान होते है, लेकिन यहां तो सब हैवान नजर आ रहें है। बस इतनी से बात सुनते ही वहां मौजूद दो डाक्टर पहुंचे और महिला की पिटाई करने लगे। जिसका उसने विरोध किया, लेकिन चिकित्सक उसका पर्चा देखा और कहा कि तुम यहां से अपनी मरीज लेकर भाग जाओं। महिला ऊपर से नीचे आकस्मिक कक्ष में पहुंची और अपनी शिकायत करने लगी। वहां भी मौजूद जूनियर डाक्टरों ने कुछ भी नहीं सूना। इसके बाद पीड़ित महिला ने 100 नम्बर डायल करके पुलिस को सूचना दी। सूचना पर 100 डायल के पुलिस कर्मी पहुंची और घटनास्थल पर गये। वहां का नजारा देखते ही पुलिस चुपचाप वापस एसआरएन चैकी पहुंची और उसे मुकदमा दर्ज कराने के लिए कोतवाली जाने को कहा।
शहर के जार्जटाउन निवासी अन्जू सोनकर अपनी वृद्ध मौसी राधा सोनकर पत्नी मक्खन लाल निवासी जसरा घूरपुर का उपचार कराने के लिए बुधवार दोपहर स्वरूपरानी नेहरू चिकित्सालय पहुंची। जहां उसे आकस्मिक कक्ष के चिकित्सकों ने हालत गम्भीर होने की वजह से मेडिसिन के लिए भेज दिया। पीड़ित अन्जू ने आरोप लगाया कि अपनी मरीज लेकर मेडिसन वार्ड में गई। जहां वह काफी देर तक इधर-उधर भटकती रही। लेकिन को भी चिकित्सक उसकी पीड़ा नहीं सुना। इस पर उसने कहा कि डाक्टर भगवान होते है, लेकिन यहां तो सब हैवान नजर आ रहें है। बस इतनी से बात सुनते ही वहां मौजूद दो डाक्टर पहुंचे और महिला की पिटाई करने लगे। जिसका उसने विरोध किया, लेकिन चिकित्सक उसका पर्चा देखा और कहा कि तुम यहां से अपनी मरीज लेकर भाग जाओं। महिला ऊपर से नीचे आकस्मिक कक्ष में पहुंची और अपनी शिकायत करने लगी। वहां भी मौजूद जूनियर डाक्टरों ने कुछ भी नहीं सूना। इसके बाद पीड़ित महिला ने 100 नम्बर डायल करके पुलिस को सूचना दी। सूचना पर 100 डायल के पुलिस कर्मी पहुंची और घटनास्थल पर गये। वहां का नजारा देखते ही पुलिस चुपचाप वापस एसआरएन चैकी पहुंची और उसे मुकदमा दर्ज कराने के लिए कोतवाली जाने को कहा।


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